भिलाई: छत्तीसगढ़ के पहले और महत्वपूर्ण पारंपरिक त्यौहार हरेली को इस वर्ष भी भिलाई में ‘जबर हरेली रैली’ के रूप में प्रदेश स्तर पर भव्यता से मनाया जा रहा है। हमर छत्तीसगढ़ महतारी सेवा समिति और छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना द्वारा आयोजित यह लगातार 8वां वार्षिक आयोजन है, जो आगामी 20 जुलाई 2025, रविवार को होगा। आयोजकों को 5 लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
यह विशाल रैली सुबह 10 बजे पावर हाउस से रिसाली सेक्टर भिलाई तक निकलेगी, और देर शाम तक चलेगी। लगभग 12 से 15 किलोमीटर लंबी इस रैली में छत्तीसगढ़ की समृद्ध संस्कृति और परंपरा की अनूठी झलक देखने को मिलेगी। इसमें पंथी नृत्य, सुवा नृत्य, ददरिया, राउत नाचा, गेड़ी नृत्य और बस्तरिया नृत्य जैसे विभिन्न पारंपरिक लोक नृत्यों की प्रस्तुति दी जाएगी।
इस आयोजन की एक खास बात यह है कि इसमें वर्तमान में हो रही जंगल कटाई के विरोध में झांकी भी प्रदर्शित की जाएगी, जो पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज की चिंता को दर्शाएगी। रैली में बैलगाड़ी का भव्य जुलूस निकाला जाएगा, जिसके साथ गड़वा बाजा, बैंड बाजा, डीजे और अखाड़े का मनमोहक प्रदर्शन होगा।
यह आयोजन केवल छत्तीसगढ़ तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि ओडिशा, मध्यप्रदेश, नागपुर और अन्य प्रांतों में रह रहे छत्तीसगढ़िया समाज के लोग भी इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेंगे। यह हरेली पर्व मुख्य रूप से किसान भाइयों और समस्त छत्तीसगढ़िया समाज को समर्पित है।
कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित लोगों के लिए छत्तीसगढ़ी व्यंजनों का भी विशेष प्रबंध होगा, जिसमें ठेठरी, खुरमी, बड़ा, सोहारी, चीला, ऐरसा और चौरसेला जैसे पारंपरिक पकवान उपलब्ध रहेंगे।
आयोजन विवरण:
- नाम: जबर हरेली रैली (8वां वर्ष)
- दिनांक: 20 जुलाई 2025, रविवार
- स्थान: पावर हाउस से रिसाली सेक्टर भिलाई तक
- समय: सुबह 10 बजे से देर शाम तक
- आयोजक: हमर छत्तीसगढ़ महतारी सेवा समिति एवं छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना
यह रैली छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत को अक्षुण्ण रखने और सामाजिक एकजुटता का संदेश देने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी।

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